- प्रथम दृष्टया गंभीर अनियमितताओं की पुष्टि के बाद लिया गया निर्णय, चार सदस्यीय जांच समिति की रिपोर्ट पर हुई कार्रवाई; जोशीमठ कार्यालय से किया गया संबद्ध।
देहरादून/चमोली। श्री बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) ने प्रशासनिक पारदर्शिता और अनुशासन को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए अध्यक्ष कार्यालय में तैनात व्यक्तिगत सहायक प्रमोद नौटियाल को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई उनके विरुद्ध प्रथम दृष्टया गंभीर अनियमितताओं के आरोप सामने आने के बाद की गई है।
समिति की ओर से जारी आदेश के अनुसार, 3 जुलाई 2026 को संबंधित कर्मचारी को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया था। साथ ही पूरे मामले की निष्पक्ष एवं विस्तृत जांच के लिए चार सदस्यीय जांच समिति का गठन किया गया।
समिति को प्राप्त स्पष्टीकरण और जांच समिति की प्रारंभिक रिपोर्ट का परीक्षण करने के बाद आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए गए। जांच समिति ने अपनी रिपोर्ट में संबंधित कर्मचारी के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई की संस्तुति करते हुए यह भी कहा कि यदि उन्हें वर्तमान पद पर बनाए रखा गया तो जांच प्रभावित होने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
इन्हीं तथ्यों को ध्यान में रखते हुए बीकेटीसी प्रशासन ने प्रमोद नौटियाल को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने का निर्णय लिया। निलंबन अवधि के दौरान उन्हें नियमानुसार जीवन-निर्वाह भत्ता मिलेगा तथा उन्हें बीकेटीसी कार्यालय, जोशीमठ (जनपद चमोली) से संबद्ध किया गया है। इस दौरान वे सक्षम अधिकारी की पूर्व अनुमति के बिना मुख्यालय नहीं छोड़ सकेंगे और जांच एवं अनुशासनात्मक कार्यवाही में पूर्ण सहयोग करना उनके लिए अनिवार्य होगा।
बीकेटीसी ने स्पष्ट किया है कि समिति में पारदर्शिता, जवाबदेही और अनुशासन से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाएगा। किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर नियमानुसार सख्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

